रहने दो
(अनुराग शर्मा)
Rahne Do
कुछेक दिन और
यूँ ही मुझे
अकेले रहने दो
न तुम कुछ कहो
और न मुझे ही
कुछ कहने दो
इतनी मुद्दत तक
अकेले ही सब कुछ
सहा है मैंने
बचे दो चार दिन भी
ढीठ बनकर
मुझे ही सहने दो
कुछेक दिन और
यूँ ही मुझे
अकेले रहने दो
© Anurag Sharma
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